आज मैं आपको कुछ कविता के माध्यम से बताना चाहूंगी, अगर पसंद आए तो कृपया इसे लाइक और शेयर जरूर करें - आज मैंने सोचा मैं सबको खुश कर दूंगी, पर हुआ यू जितना मैंने खुश करने की कोशिश की, मैं उतना ही उनकी नजरों में गिरती चली गई, ऐसा क्यों होता है बार बार, क्या ये जिंदगी यू ही कशमकश में चलती रहेगी, या इसमें कोई अच्छा मोड़ भी आएगा.. आपकी अपनी अर्चना